भारतीय वायु सेना की पूरी जानकारी हिंदी में

0
7 views

indian air force in hindi

क्या आपको पता है की भारतीय वायु सेना क्या है और भारतीय वायुसेना के अध्यक्ष कौन है और इनका क्या क्या कार्य होते है और वायुसेना का गठन कब हुआ था  दोस्तो इस तरह के प्रश्न आपने कही एग्जाम में भी देखें  होगे जो अक्सर पूछे जाते है तो इस पोस्ट में हम भारतीय वायु सेना के के बारे में आपको पूरी जानकारी हिंदी में देने वाले है

 

भारतीय वायुसेना क्या है ? Indian Air Force information in hindi

भारतीय वायुसेना (इंडियन एयरफोर्स) भारतीय सशस्त्र सेना का एक अंग है जो वायु युद्ध, वायु सुरक्षा, एवं वायु चौकसी का महत्वपूर्ण काम देश के लिए करती है ।

इसकी स्थापना 8 अक्टूबर 1932 को की गयी थी इसने द्वितीय विश्वयुद्ध में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

भारत के राष्ट्रपति भारतीय वायु सेना के कमांडर इन चीफ के रूप में कार्य करते है। वायु सेनाध्यक्ष, एयर चीफ मार्शल (ACM), एक चार सितारा कमांडर है और वायु सेना का नेतृत्व करते है। भारतीय वायु सेना में किसी भी समय एक से अधिक एयर चीफ मार्शल सेवा में कभी नहीं होते।

आपको बता दू की भारतीय वायुसेना के मिशन, सशस्त्र बल अधिनियम 1947 के द्वारा परिभाषित किया गया है भारत के संविधान और सेना अधिनियम 1950, हवाई युद्धक्षेत्र में:

“भारत और सहित हर भाग की रक्षा, उसके बचाव के लिए तैयारी और ऐसे सभी कृत्यों के रूप में अपनी अभियोजन पक्ष और इसके प्रभावी वियोजन को समाप्ति के बाद युद्ध के समय में अनुकूल किया जा सकता है।

 

भारतीय वायु सेना का मुख्यालय कहा है ?

इसका मुख्यालय नयी दिल्ली में स्थित है और यह 2006 के आंकडों के अनुसार इसमें कुल मिलाकर 170,000 जवान एवं 1,340 लडाकू विमान हैं जो इसे दुनिया की चौथी सबसे बडी वायुसेना होने का दर्जा दिलाती है।

भारतीय वायुसेना स्कीन कमेटी  द्वारा 1926 ई. में की गई सिफारिश के आधार पर 9 अप्रैल 1933 में भारतीय वायुसेना का गठन किया गया था भारत को 1950 में गणतंत्र घोषित करते ही रॉयल शब्द हटाकर सिर्फ इंडियन एयरफोर्स कर दिया गया और उसी समय से आज कार्यान्वित चिन्ह अपना लिया गया था।

भारतीय वायु सेना के वर्तमान एयर चीफ मार्शल कौन है ? 

भारतीय वायु सेना के वाइस चीफ एयर मार्शल राकेश कुमार सिंह भदौरिया है  उन्हें देश का एयरफोर्स चीफ चुना गया है  एयरफोर्स चीफ बीरेंद्र सिंह धनोआ का कार्यकाल 30 सितंबर  2019 को पूरा हुआ था

जिसके बाद एयर मार्शल भदौरिया ने इस पद पर पदभार हुए  एयर मार्शल भदौरिया हल्के लड़ाकू विमान (एलसीए) तेजस के आरंभिक नमूनों की उड़ानों में व्यापक रूप से शामिल रहे हैं ।

आपको बता दूं कि वायुसेना के विभिन्न विमानों में अपनी दक्षता के अलावा भदौरिया एक एक्सपेरिमेंटल टेस्ट पायलट, कैट ‘ए’ क्वालिफायड फ्लाइंग इंस्ट्रक्टर और पायलट अटैक इंस्ट्रक्टर भी हैं. जिसके बाद वायु सेना में विभिन्न प्रमुख पदों पर वह जिम्मेदारी संभाल चुके हैं, जिनमें जगुआर स्क्वाड्रन और प्रमुख एयरफोर्स स्टेशन की अगुवाई के साथ-साथ एयरक्राफ्ट और सिस्टम परीक्षण केंद्र में फ्लाइट टेस्ट स्क्वाड्रन की कमान संभाल चुके हैं।

भदौरिया ने रूस में एयर अटैच के रूप में भी अपनी सेवा दी है वह राष्ट्रीय रक्षा अकादमी के कमांडेंट, सेंट्रल एयर कमान के सीनियर एयर स्टाफ ऑफिसर, डिप्टी चीफ ऑफ द एयर स्टाफ और उसके बाद दक्षिणी एयर कमान के कमांडिंग वायु सेना अधिकारी रहे हैं।

जैसा कि आपको पता होगा की भदौरिया का रिटायरमेंट भी धनोआ के साथ 30 सितंबर को ही होने वाला था, लेकिन अब जब सरकार ने उन्हें नया वायुसेना प्रमुख नियुक्त कर दिया है तो वह अब तीन साल तक या फिर 62 वर्ष की उम्र पूरी होने तक, जो भी पहले पूरी हो, एयरफोर्स चीफ के पद पर बने रहेंगे,

भदौरिया 60 वर्ष के हैं, इसलिए वह 3 साल का कार्यकाल पूरा नहीं कर पाएंगे और 2 साल बाद ही 62 वर्ष की उम्र पूरा करने पर वायुसेना प्रमुख पद से रिटायर हो जाएंगे।

चीप मार्शल राकेश कुमार सिंह भदौरिया का जन्म कहा हुआ था?

राकेश कुमार सिंह भदौरिया का जन्म आगरा के पास के गांव कोरथ में हुआ था  वह नेशनल डिफेंस अकेडमी, पुणे के पूर्व छात्र रह चुके हैं उन्होंने कमांड एंड स्टाफ कॉलेज से डिफेंस स्टडीज में मास्टर डिग्री हासिल की है।

राकेश भदौरिया की पत्नी का नाम आशा भदौरिया है और उनके एक बेटी और एक बेटा हैं ।जब वह छोटे थे तो अपने दादाजी को कहा करते थे कि वह एक दिन पायलट बनेंगे और आप मुझे जहाज उड़ाता देख पाएंगे. आज उनके दादाजी का उनपर गर्व होगा।

वायु सेना का आदर्श वाक्य कौन सा है?

इसका आदर्श वाक्य  नभः स्पृशं दीप्तम् संस्कृत है जिसका अर्थ होता है – (आकाश को स्पर्श करने वाले देदीप्यमान) आपको बता दूं कि वायुसेना में भदौरिया ने अपने करियर की शुरुआत साल 1980 में की है भदौरिया को 15 जून 1980 में वायुसेना की फाइटर स्ट्रीम में कमीशन दिया  था उनको प्रतिष्ठित स्वॉर्ड ऑफ ऑनर पुरस्कार से भी सम्मानित किया जा चुका है।

इन्हे 4250 घंटे तक फाइटर विमान और ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट उड़ाने का अनुभव है. वह राफेल फाइटर जेट को उड़ाने वाले वायुसेना के पहले पायलट भी हैं। इनको परम विशिष्ट सेवा मेडल (PVSM), अति विशिष्ट सेवा मेडल (AVSM), वायु सेवा मेडल (VM) और एडीसी अवॉर्डस् से सम्मानित किया जा चुका है।

बता दें, की इसी साल जनवरी महीने में इन्हे राष्ट्रपति के सहायक सैनिक अधिकारी की मानद उपाधि भी दी गई थी ।

उम्मीद है इस पोस्ट में आपको भारतीय वायुसेना के बारे में पूरी जानकारी मिल गयी होगी जैसे भारतीय वायुसेना क्या है और भारतीय वायु सेना के वर्तमान एयर चीफ मार्शल कौन है भारतीय वायु सेना का मुख्यालय कहां स्थित है और भारतीय वायु सेना का गठन कब हुआ सभी जानकारी इस पोस्ट में मिल जाएगी तो इस पोस्ट को आप जरूर भारतीय लोगो के साथ जरूर शेयर करे ।

Popular Posts –

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here