विश्व का सबसे बड़ा महाकाव्य कौन सा है ?

0
20 views

duniya ka sabse bada mahakavya kaun sa hai

दोस्तो क्या आप जानते हो की विश्व का सबसे बड़ा महाकाव्य कौन सा है ? तथा विश्व का सबसे बड़ा महाकाव्य की रचना किसने की थी। विश्व के सबसे महाकाव्य में कितने दोहे हैं और इसे दुनिया का सबसे लंबा महाकाव्य क्यों माना जाता है ।

जैसा कि आपको पता भी होगा की हिंदी में ऐसे ऐसे गद्य, पद्य, दोहे, छंद है जो संस्कृत के अंतर्गत आते हैं जो विश्व में हिंदी को सबसे ज्यादा समृद्ध भाषा बनाती है इसीलिए हिंदी क्षेत्रों के रहने वालों में यह जिज्ञासा हमेशा बनी रहती है कि आखिर हिंदी का सबसे बड़ा महाकाव्य कौन सा है।

विश्व का सबसे बड़ा महाकाव्य कौन सा है? which is the biggest epic in the world

विश्व का सबसे बड़ा महाकाव्य महाभारत है, तथा इसकी रचना महर्षि वेदव्यास जी ने की थी ऐसा माना जाता है कि इस विशालकाय ग्रंथ को लिखने का कार्य गणेश जी द्वारा किया गया था इसका रचना काल 3100–1200 ई०पू० माना जाता है

वेदव्यास जी को महाभारत पूरा रचने में 3 वर्ष लग गये थे, इसका कारण यह हो सकता है कि उस समय लेखन लिपि कला का इतना विकास नही हुआ था, जितना की आज दिखाई देता है।

उस काल में ऋषियों द्वारा वैदिक ग्रन्थों को पीढ़ी दर पीढ़ी परम्परागत मौखिक रूप से याद करके सुरक्षित रखा जाता था उस समय संस्कृत ऋषियों की भाषा थी और ब्राह्मी आम बोलचाल की भाषा हुआ करती थी। यह महाकाव्य ‘जय संहिता’, ‘भारत’ और ‘महभारत’ इन तीन नामों से प्रसिद्ध हैं।

यह विश्व का सबसे लंबा यह साहित्यिक ग्रंथ और महाकाव्य, हिन्दू धर्म के मुख्यतम ग्रंथों में से एक है। इस ग्रन्थ को हिन्दू धर्म में पंचम वेद माना जाता है इसे साहित्य की सबसे अनुपम कृतियों में से एक माना जाता है, किन्तु आज भी यह ग्रंथ प्रत्येक भारतीय के लिये एक अनुकरणीय स्रोत है। यह कृति प्राचीन भारत के इतिहास की एक गाथा मानी जाती है।

महाभारत को विश्व का सबसे बड़ा महाकाव्य क्यों माना जाता है?

विश्व का सबसे बड़ा महाकाव्य महाभारत है क्योंकि महाभारत में  1,00,000 से भी ज्यादा श्लोक हैं जो और किसी काव्य में नही है इसी लिए इसे दुनिया का सबसे बड़ा महाकाव्य माना जाता है यह मुख्य रूप से कौरवों और पाण्डवों कके संघर्ष की गाथा है|

किन्तु इसमें इतिहास, राजनीति, न्याय, धर्म, समाज आदि अनेक विषयों का सुंदर समावेश है ।

 

महाभारत को किसने लिखा था ?

महाभारत में ऐसा वर्णन आता है कि वेदव्यास जी ने हिमालय की तलहटी की एक पवित्र गुफा में तपस्या में संलग्न तथा ध्यान योग में स्थित होकर महाभारत की घटनाओं का आदि से अन्त तक स्मरण कर मन ही मन में महाभारत की रचना कर ली थी।

महाभारत की विशालता और दार्शनिक गूढता न केवल भारतीय मूल्यों का संकलन है बल्कि हिन्दू धर्म और वैदिक परम्परा का भी सार है। महाभारत की विशालता का अनुमान उसके प्रथमपर्व में उल्लेखित एक श्लोक से लगाया जा सकता है ।

महाभारत मूल रूप से जयकाव्यम् नाम से रचा गया था इसमें लगभग 8,800 श्लोक थे मूल रूप से यही भाग महर्षि वेदव्यास की रचना थी| इस रचना जय को व्यास जी द्वारा अपने शिष्य वैशंपायन को सिखाया गया |यह इस महाभारत ग्रंथ की प्रथम अवस्था थी महाभारत के कई भाग हैं जो आमतौर पर अपने आप में एक अलग और पूर्ण पुस्तकें मानी जाती हैं। मुख्य रूप से इन भागों को अलग से महत्व दिया जाता है ।

आपको बता दूं कि महाभारत में भारत के अतिरिक्त विश्व के कई अन्य भौगोलिक स्थानों का सन्दर्भ भी आता है जैसे चीन का गोबी मरुस्थल, मिस्र की नील नदी,  लाल सागर तथा इसके अतिरिक्त महाभारत के भीष्म पर्व के जम्बूखण्ड-विनिर्माण पर्व में सम्पूर्ण पृथ्वी का मानचित्र भी बताया गया है।

विश्व का सबसे बड़ा महाकाव्य किस पर लिखा गया था?

महाभारत चंद्रवंशियों के दो परिवारों कौरव और पाण्डव के बीच हुए युद्ध का वृत्तांत है जो 100 कौरव भाइयों और 5 पाण्डव भाइयों के बीच भूमि के लिए जो संघर्ष चला था उससे इसी कारण  महाभारत युद्ध का सृजन हुआ।

महाभारत के दक्षिण एशिया मे कई रूपान्तर मिलते हैं, इण्डोनेशिया, श्रीलंका, जावा द्वीप, जकार्ता, थाइलैंड, तिब्बत, बर्मा (म्यान्मार) में महाभारत के भिन्न-भिन्न रूपान्तर मिलते हैं जबकि  दक्षिण भारतीय महाभारत मे अधिकतम 1,40,000 श्लोक मिलते हैं, जबकि उत्तर भारतीय महाभारत के रूपान्तर मे 1,10,000 श्लोक मिलते हैं।

इसमें हजारों पौराणिक और ऐतिहासिक कहानियां है। तथा  74000 से अधिक छंद, लंबे गद्य मार्ग और लगभग 1.8 मिलियन शब्द है। महाभारत भरत वंश की कहानी है।और हिंदू पौराणिक कथाओं देवी-देवताओं की कहानियां और हिंदू दर्शन की व्याख्याए शामिल है ।

महाभारत का मुख्य उद्देश्य क्या था ? 

महाभारत का एक मुख्य उद्देश्य जीवन के 4 लक्ष्यों को पूरा करना है :धर्म, अर्थ, काम(आनंद) और मोक्ष। हिंदुओं द्वारा मानव के अंतिम लक्ष्य के रूप में माना जाने वाला मोक्ष में कथा का समापन होता है।

हम आशा करते है की आपको यह जानकारी मिल गई होगी की विश्व का सबसे बड़ा महाकाव्य कौन सा है ? तथा विश्व का सबसे बड़ा महाकाव्य की रचना किसने की थी। विश्व के सबसे महाकाव्य में कितने दोहे हैं  महाभारत का मुख्य उद्देश्य क्या था और इसे दुनिया का सबसे लंबा महाकाव्य क्यों माना जाता है ।

उम्मीद है आपको ये पोस्ट पसंद आयी होगी तो इस पोस्ट को जायदा से जायदा शेयर करे ।

Popular posts –

 

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here